हरिद्वार – धर्मनगरी हरिद्वार में महाकुंभ पर्व की छठा अलग ही दिखाई दे रही है। अखाड़ों के साथ ही सभी मठ मंदिरों और धार्मिक सामाजिक संगठनों द्वारा महाकुंभ की तैयारी की जा रही है। सामाजिक संगठन श्री अखंड परशुराम अखाड़ा से जुड़े लोगों ने हरिद्वार के भीमगोडा क्षेत्र स्थित परशुराम पार्क में भगवान परशुराम की धर्मध्वजा की स्थापना। कार्यक्रम जगद्गुरु शंकराचार्य स्वरूपानंद सरस्वती महाराज के शिष्य अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती महाराज समेत कई साधु संत और स्थानीय लोग मौजूद रहे।
इस दौरान अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती महाराज ने कहा कि धर्मनगरी हरिद्वार के लोग बहुत आस्थावान है। साधु संतों का आदर सत्कार करते है। श्री अखंड परशुराम अखाड़ा से जुड़े लोगों ने भगवान परशुराम की धर्मध्वजा स्थापना के अवसर उन्हें बुलाया है और धर्मध्वजा की स्थापना से उन्हें परम आनंद की अनुभूति हो रही है।
अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती महाराज ने ये भी बताया कि हरिद्वार में 08 अप्रैल को जगद्गुरु शंकराचार्य स्वरूपानंद सरस्वती महाराज की ऐतिहासिक, भव्य और दिव्य मंगल प्रवेश यात्रा निकाली जाएगी। महाराज जी स्वम् इस यात्रा में शामिल होंगे और हरिद्वार के लोगो को रथ पर विराजमान हुए उनके दर्शन होंगे। यह यात्रा सुबह हरिद्वार के देवपुरा चौक से शुरू होगी और पूरे हरिद्वार का भ्रमण कर शंकराचार्य नगर में प्रवेश करेगी। वही उन्होंने ये भी बताया कि अग्नि अखाड़े और श्री अखंड परशुराम अखाड़ा से जुड़े लोगों द्वारा इस यात्रा की तैयारी की जा रही है। प्रवेश मंगल यात्रा 8 अप्रैल दोपहर 2:05 पर निकाली जाएगी परशुराम चौक से
वही श्री अखंड परशुराम अखाड़ा के अध्यक्ष पंडित अधीर कौशिक ने कहा कि भगवान परशुराम के प्रति लोगो की आस्था को देखते हुए इस बार हरिद्वार महाकुंभ पर्व में उनके संगठन द्वारा उनकी धर्मध्वजा की स्थापना की गई है। 8 अप्रैल को जगद्गुरु शंकराचार्य स्वरूपानंद सरस्वती महाराज की मंगल प्रवेश यात्रा में भी वो शामिल होंगे। इस यात्रा में सनातन धर्म संस्कृति के साथ ही भारतीय सेना और शहीदों की झांकियां मुख्य आकर्षण का केन्द्र बनेगी। यात्रा का मुख्य उद्देश्य यही है कि सनातन धर्म की युवा पीढ़ी अपने धर्म संस्कृति को जान सके।

