मयूर सैनी
हरिद्वार – हरिद्वार में पिछले कुछ दिनों में आपराधिक घटनाओं में अचानक बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। हरिद्वार एसएसपी प्रमेन्द्र सिंह डोबाल द्वारा पुलिस अधिकारियों की लापरवाही पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई करते हुए कई दरोगा एवं सिपाहियों को लाइन हाजिर किया गया है, जबकि एसएचओ मंगलौर का स्पष्टीकरण लेते हुए जनपद पुलिस फोर्स को स्पष्ट संदेश दिया है कि “फील्ड में रहना है तो अलर्ट मोड पर काम करना होगा”।

कोतवाली ज्वालापुर क्षेत्रांतर्गत में 01 सितंबर को श्री बालाजी ज्वेलर्स में दिनदहाड़े हथियारों के बल पर डकैती व 03 सितंबर को अवधूत मंडल आश्रम के नजदीक मॉर्निंग वॉक हेतु निकली महिला से चेन स्नैचिंग एवं गोली चलने की घटनाओं को एसएसपी द्वारा अति गंभीरता से लेते हुए एसपी सिटी को उपरोक्त मामलों में संबंधित पुलिस अधिकारी का उत्तरदायित्व निर्धारण हेतु जांच सौंपी गई।

जांच रिपोर्ट में निष्कर्ष के आधार पर “प्रथम दृष्टया पुलिस अधिकारियों की लापरवाही एवं उदासीनता परिलक्षित होने पर” वरिष्ठ उप निरीक्षक ज्वालापुर राजेश बिष्ट एवं उप निरीक्षक वीरेंद्र सिंह नेगी (तत्कालीन प्रभारी चौकी रेल) को एसएसपी द्वारा तत्काल प्रभाव से लाइन हाजिर किए जाने के आदेश जारी किये गये हैं।

वहीं देहात क्षेत्र में कोतवाली मंगलौर क्षेत्रांतर्गत चौकी कस्बा बाजार रुड़की, मंगलौर हाईवे पर 09 सितंबर को तीन अज्ञात बाइक सवारों द्वारा पीड़ित की आंखों में मिर्ची पाउडर डालकर उसका बैग छीनकर ले जाने की घटना को गंभीरता से लेते हुए एसएसपी द्वारा सीओ मंगलौर को उक्त प्रकरण की जांच सौंप गई।

जांच रिपोर्ट में पुलिस अधिकारी/कर्मचारियों की लापरवाही होने पर चौकी प्रभारी उप निरीक्षक नवीन नेगी एवं बीट/चेतककर्मी हैड कांस्टेबल मनोज मिनान व कांस्टेबल उत्तम सिंह को एसएसपी द्वारा तत्काल प्रभाव से लाइन हाजिर किए जाने के आदेश जारी किए गए।

कप्तान प्रमेन्द्र सिंह डोबाल द्वारा उपरोक्त प्रकरणों में कड़ी कार्रवाई से जनपद पुलिस फोर्स को स्पष्ट संदेश दिया है कि कर्तव्यों में लापरवाही पाए जाने पर किसी भी अधिकारी/कर्मचारी को बख्शा नहीं जाएगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *