हरिद्वार – हरिद्वार कावड़ मेले में दिन प्रतिदिन कावड़ियों की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है। आज कांवड़ यात्रा का दूसरा दिन है, बड़ी संख्या में कांवड़िए हरिद्वार से जल भर कर अपने गंतव्य की ओर रवाना हो रहे हैं, वहीं स्थानीय पुलिस प्रशासन द्वारा नहर पटरी पर पैदल कावड ले जाने के लिए कावड़ियों से अनुरोध किया जा रहा है, पिछले कई वर्षों से इसी रूट पर पैदल कावड चलता रहा है। जबकि डाक कावड़ के दौरान कांवड़ियों को हाईवे के माध्यम से उनके गंतव्य को भेजा जाता है।
वहीं इस बार कावड़ मेला शुरू होने से पहले ही बड़ी संख्या में कांवड़िए हरकी पौड़ी से जल उठा कर हाईवे के रास्ते ही अपने अपने गंतव्यों के लिए रवाना हो रहे थे। वहीं 11 जुलाई से कावड़ मेला शुरू होते ही पैदल कावड यात्रा के लिए जो तय रूट है उस रूट पर ही कावड़ियों को भेजा जा रहा है। ताकि हाईवे पर चलने वाले राहगीरों और पैदल कावड़ियों को किसी तरह की दिक्कत न हो। लेकिन हरिद्वार के विभिन्न चौराहों शंकराचार्य चौक, प्रेमनगर आश्रम और सिंहद्वार पर कुछ कांवड़िए तय रूट से अलग नेशनल हाईवे के रास्ते ही आगे जाने को अड़ते दिखाई दिए, हालाकि उन जगहों पर ड्यूटी में तैनात अधिकारी और पुलिस के जवानों द्वारा कावड़ियों को समझकर दोबारा नहर पटरी पर भेजा गया।
वहीं कुछ स्थानों पर कांवड़िए पुलिस प्रशासन की बातों को अनदेखी करके जबरन हाईवे पर चलने की जिद करते दिखाई दिए, ऐसा ही नजारा सिंहद्वार पर दिखाई दिया, जहां काफी समझाने के बावजूद पैदल कांवड़िए नहर पटरी पर जाने को तैयार नहीं हुए और विरोध स्वरूप अपना कावड़ हरिद्वार दिल्ली हाईवे पर रख कर बैठ गए, उसके बाद भी पुलिस के अधिकारी उनको मनाते समझाते दिखाई दिए, लेकिन जब कावड़ियों ने सड़क की दूसरी तरफ हरिद्वार देहरादून हाईवे पर ट्रैफिक रोकने की कोशिश की तो पुलिसकर्मियों ने हल्का बल प्रयोग करते हुए ऐसा करने से कावड़ियों को न सिर्फ रोका बल्कि उस व्यक्त वहां मौजूद सारे कावड़ियों को समझाकर पैदल कावड़ मार्ग पर भेजा।
हालांकि की उसके बाद भी कई बार सिंहद्वार पर इस तरह के हालत बनते रहे, लेकिन पुलिस के अधिकारियों ने सुझबुझ दिखाते हुए कांवड़ियों से बातचीत कर उनको तय मार्ग पर भेजने में कामयाबी हासिल की।

