हरिद्वार – विश्व पर्यावरण के अवसर पर पूरे देशभर मे कार्यक्रम आयोजित किये गए। हरिद्वार स्थित गँगा वाटिका में आयोजित पौधरोपण कार्यक्रम में बरगद, पिलखन, तुन, कचनार आंवला, पीपल, रीठा और अमरूद आदि कई प्रजातियों के 80 पौधे लगाए गए। इसके साथ ही यहाँ बनाये गए कारगिल शहीद वन और स्मृति वन में पहले से ही लगे पौधों की निराई गुड़ाई और सिंचाई भी की गई।

कार्यक्रम में रामकृष्ण मिशन सेवा आश्रम के मेडिकल सुपरिटेंडेंट स्वामी दयाधिपानंद ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। स्वामी दयाधिपानंद ने कहा कि पेड़ पौधों से पर्यावरण का संतुलन तो बना ही रहता है बल्कि पेड़ पौधों की सेवा करने से मानव में हार्मोनल बैलेंस बढ़ता है जो उन्हें कई गंभीर बीमारियों से भी बचाता है। इसलिए देश मे अधिक से अधिक पेड़ लगाना नितान्त आवश्यक है।
हरिद्वार डीएफओ नीरज शर्मा ने कहा कि हरिद्वार वन विभाग के द्वारा विभिन्न दिवसों पर पर्यावरण जन जागरूकता से संबंधित कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। भविष्य में भी अधिक से अधिक संख्या में लोगों को वृक्षारोपण पर्यावरण संरक्षण संबंधी कार्यक्रमों से जोड़ा जाएगा। साथ ही उन्होंने ये भी बताया कि बहुत जल्द ही हरिद्वार स्थित गंगा वाटिका क्षेत्र में एक नगर वन स्थापित किया जाएगा। जहां हरिद्वार के स्थानीय लोगों, यहाँ आने वाले श्रद्धालुओं को भी इको पर्यटन के साथ ही प्रकृति, पेड़ पौधे और वन्यजीवों के संबंध में रोचक जानकारी दी जाएगी।
कार्यक्रम में प्रसिद्ध वैद्य एम.आर शर्मा, बीइंग भगीरथ संस्था के प्रमुख शिखर पालीवाल, हैंड्स फाउंडेशन के सदस्य और हरिद्वार रेंजर दिनेश नौडियाल समेत बड़ी संख्या में वन कर्मचारी और स्थानीय लोग मौजूद रहे।

