हरिद्वार, 24 अगस्त – कांग्रेस प्रवक्ता आलोक शर्मा ने भाजपा द्वारा वन नेशन वन इलेक्शन मुहिम को लेकर हरिद्वार में संत सम्मेलन का आयोजन करने को पेपर लीक और राम मंदिर चंदा चोरी से जनता का ध्यान भटकाने का प्रयास करार दिया है। प्रैस क्लब में पत्रकारों से वार्ता करते हुए आलोक शर्मा ने संतों को अंकिता भंडारी हत्याकांड, राम मंदिर चंदा चोरी आदि मुद्दों पर सरकार और भाजपा से सवाल करने की नसीहत भी दी।
आलोक शर्मा ने कहा कि वन नेशन वन इलेक्शन संघवाद के खिलाफ है। इससे राष्ट्रीय मुद्दे हावी होंगे और क्षेत्रीय मुद्दे दब जाएंगे। उन्होंने कहा कि वन नेशन वन इलेक्शन को लेकर केंद्र सरकार ने पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद की अध्यक्षता में एक कमेटी का गठन किया था। वन नेशन वन इलेक्शन को लेकर पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद द्वारा राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु को सौंपी गयी रिपोर्ट अभी तक सार्वजनिक नहीं हुई है। इसके अलावा वन नेशन वन इलेक्शन पर केंद्र सरकार द्वारा संयुक्त संसदीय समिति का गठन भी किया गया है। संसदीय समिति अभी इस पर विचार कर रही है और रिपोर्ट आना बाकी है। भाजपा यह सारे तथ्य छिपाकर संतों और जनता को गुमराह करने का प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि जनता भाजपा, केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री की बातों पर विश्वास नहीं कर रही है। इसलिए वन नेशन वन इलेक्शन के नाम पर लोगों का ध्यान भटकाने का प्रसास किया जा रहा है।
प्रैसवार्ता में कांग्रेस जिलाध्यक्ष बालेश्वर सिंह, सोम त्यागी, मनोज सैनी, कांग्रेस ओबीसी प्रकोष्ठ के जिलाध्यक्ष विकास चंद्रा, एससी प्रकोष्ठ के जिलाध्यक्ष अध्यक्ष तीर्थपाल रवि सहित कई कांग्रेस पदाधिकारी मौजूद रहे।

